बुधवार, 16 दिसंबर 2020

शिखर पर परछाई है मेरी

 

हाथो की लकीरों से लड़ाई नहीं है मेरी,
जो भी है जैसी भी है जिदंगी है मेरी,
लकीरों से भी उम्मीदें नहीं है मेरी,
सपनो के शिखर पर परछाई है मेरी।

सोमवार, 7 दिसंबर 2020

शुक्रवार, 27 नवंबर 2020

बुधवार, 25 नवंबर 2020

मिसाल बन गए


 सपनो के लिए भागा तो अपने बिछड़ गए,
अपनों के लिए भागा तो सपने बिछड़ गए,
और जो इन दोनों को समझ गए ...
वो लोग आज मिसाल बन गए ।